चमोली। बारिश, बादल फटने की घटनाओं मे हो रही वृद्धि से उत्तराखंड मे तबाही रुकने का नाम नही ले रही है। एक ओर उत्तरकाशी के धराली और स्यानाचट्टी में आयी आपदा से रेस्क्यू एजेंसियां निपट रही है तो वहीं चमोली के थराली मे बीती देर शाम से हो रही मूसलाधार बारिश से काफी नुकसान हुआ है।
थराली तहसील के टूनरी गदेरे मे देर रात बादल फटने से थराली बाजार, कोटदीप, तहसील थराली परिसर में काफी मलबा आ गया है। इसके अलावा चेपड़ों और सागवाड़ा के अलावा कई इलाकों में भारी नुकसान हुआ है। राहत और बचाव कार्यों के लिए गौचर से एनडीआरफ और आईटीबीपी, ग्वालदम से एसएसबी रवाना हो गई है।
तहसील परिसर में कुछ गाड़ियां भी मलबे में दबी हैं। सड़कें क्षतिग्रस्त हो गई हैं। एक युवती और एक बुजुर्ग लापता हैं। एनडीआरएफ की टीम मौके के लिए रवाना हो चुकी है। स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन की टीमें बचाव कार्य में जुटी हैं।
थराली के तहसील परिसर राड़ीबगड़ में एक बरसाती गदेरा अचानक उफान पर आ गया। एसडीएम आवास मलबे से दब गया। एसडीएम समेत अन्य ने रात में ही आवास छोड़ दिया और सुरक्षित जगह पर चले गए। राड़ीबगड़ में गाड़ियों के मलबे में दबने की सूचना है।
हालात ऐसे हैं कि भारी बारिश से बाजार क्षेत्र में दुकानों में मलबा घुस गया है और कई मकानों को भी मलबे से नुकसान पहुंचा है. वहीं चेपडो में अतिवृष्टि से भारी तबाही देखने को मिली है. यहां में एक बुजुर्ग व्यक्ति के लापता होने की सूचना मिल रही है. इसके साथ ही सगवाड़ा गांव में भी एक 20 वर्षीय युवती के भवन के अंदर दबे होने की सूचना मिल रही है.
थराली मुख्य बाजार में 108 एंबुलेस समेत 5 गाड़ियां मलबे में दबे हैं। सड़कें ध्वस्त हो चुकी हैं। पैदल आवाजाही काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। क्षेत्र में संचार सुविधा भी बाधित हो गई है।
राहत कार्य शुरू, सीएम ने की जन प्रतिनिधियों से वार्ता
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बादल फटने के कारण मलबे में दबने से एक युवती के निधन पर गहरा दुःख प्रकट करते हुए एक व्यक्ति के लापता होने की सूचना पर उनके सुरक्षित व सकुशल होने की कामना की है। इस बीच मुख्यमंत्री के निर्देश पर पुलिस, आपदा प्रबंधन विभाग और जिला प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचकर बचाव और राहत कार्य में जुट गई हैं।
मुख्यमंत्री ने चमोली जनपद के जनप्रतिनिधियों से टेलीफोन पर वार्ता कर बादल फटने से हुए नुकसान की विस्तृत जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने आपदा पर गहरा दुःख जताते हुए सभी जनप्रतिनिधियों से राहत और बचाव कार्यों में जिला प्रशासन का सहयोग करने का अनुरोध किया है। इसके साथ उन्होंने स्थानीय विधायक से वार्ता कर उनसे मौके पर रहकर राहत एवं बचाव कार्यो का भौतिक निरीक्षण करने की अपेक्षी की है।
थराली, देवाल व नारायणबगड़ के सभी विद्यालयों में अवकाश
जिला प्रशासन राहत व बचाव कार्य में जुटा है। जिलाधिकारी संदीप तिवारी स्वयं मौके पर मौजूद रहकर कार्यों का निरीक्षण कर रहे हैं। इस दौरान जिलाधिकारी ने स्थानीय लोगों से जानकारी ली। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और पुलिस बल की टीमें राहत बचाव का कार्य कर रही हैं तथा हरमनी के पास मार्ग सुचारु कर दिया गया है।
भारी बारिश को देखते हुए आज थराली, देवाल व नारायणबगड़ विकासखंड के सभी विद्यालयों में अवकाश घोषित किया गया है। प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि वे सुरक्षित स्थानों पर रहें और किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन से संपर्क करें।
