साइबर ठगी में प्रयुक्त बैंक खातो को त्वरित कार्यवाही कर किया जा रहा है फ्रीज
देहरादून। एसटीएफ के अधीन संचालित राष्ट्रीय वित्तीय हेल्पलाइन ने में अब तक 04 माह की अवधि में साइबर अपराध में पीड़ितों से विभिन्न माध्यमों से ठगी गयी 10.01 करोड़ रुपये की धनराशि को सुरक्षित/वापस कराया गया। विगत 10 दिनों की अवधि में अधिक धनराशि की धोखाधड़ी में होल्ड/सुरक्षित करायी गयी
साईबर हेल्प लाईन 1930 (एसटीएफ) देहरादून पर निशा सजवाण निवासी देहरादून द्वारा अपने साथ (online link open fraud)315079 रूपये की धोखाधडी की शिकायत 1930 के माध्यम से दर्ज की गयी थी। जिस पर 1930 मे नियुक्त टीम द्वारा त्वरित कार्यवाही करते हुए शिकायतकर्ता की 315079 रूपये को होल्ड कराया गया है।
साईबर हेल्प लाईन 1930 (एसटीएफ) देहरादून पर संदीप तोमर निवासी देहरादून द्वारा अपने साथ( investment fraud) 4790000 रूपये की धोखाधडी की शिकायत 1930 के माध्यम से दर्ज की गयी थी। जिसपर 1930 मे नियुक्त टीम द्वारा शिकायतकर्ता की 370381 रूपये को होल्ड कराया गया है।
साईबर हेल्प लाईन 1930 (एसटीएफ) देहरादून पर श्री गिरीश चंद्र जोशी निवासी देहरादून द्वारा अपने साथ( google pay related online fraud ) 188856 रूपये की धोखाधडी की शिकायत 1930 के माध्यम से दर्ज की गयी थी। जिसपर 1930 मे नियुक्त टीम द्वारा शिकायतकर्ता की 56572 रूपये को होल्ड कराया गया है।
साईबर हेल्प लाईन 1930 (एसटीएफ) देहरादून पर श्री विक्रम सिंह निवासी बागेश्वर द्वारा अपने साथ( mobile chori hone per) 160000 रूपये की धोखाधडी की शिकायत 1930 के माध्यम से दर्ज की गयी थी। जिसपर 1930 मे नियुक्त टीम द्वारा शिकायतकर्ता की 113154 रूपये को होल्ड कराया गया है।
साईबर हेल्प लाईन 1930 (एसटीएफ) देहरादून पर श्री रूप सिंह रावत निवासी देहरादून द्वारा अपने साथ ( link open online fraud) 245000 रूपये की धोखाधडी की शिकायत 1930 के माध्यम से दर्ज की गयी थी। जिसपर 1930 मे नियुक्त टीम द्वारा *शिकायतकर्ता की 86188 रूपये को होल्ड कराया गया है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एस0टी0एफ0 उत्तराखण्ड ने जनता से अपील की है कि अपना बैंक खाता किसी अन्य को उपयोग हेतु न दें, कमीशन/किराये पर खाता देना अपराध है, ATM कार्ड, OTP, PIN, UPI PIN साझा न करें, अज्ञात धनराशि आने पर तुरंत बैंक/पुलिस को सूचित करें तथा अन्जान नम्बरों से आने वाली वीडियो कॉल से बात न करें, न ही कोई सूचना/दस्तावेज दें । यदि कोई आपको पुलिस, सीबीआई, ईडी आदि का अधिकारी बताकर डिजिटल अरेस्ट करने को डराये धमकाये तो घबरायें नहीं, कोई भी एजेन्सी ऑनलाईन गिरफ्तार नहीं करती है । किसी भी प्रकार के लोक लुभावने अवसरों / फर्जी साईट / धनराशि दोगुना करने के प्रलोभनों में न आयें । साथ ही फर्जी निवेश ऑफर जैसे YouTube like सब्सक्राइब, टेलीग्राम आधारित निवेश वेबसाइट ऑफर में निवेश न करें । गूगल से कोई भी कस्टमर केयर नम्बर को सर्च न करें । तेजी से बढ़ रहे इन्वेस्टमेंट स्कैम्स ने लाखों लोगों को अपना शिकार बनाया है। स्कैमर्स वेबसाइट्स और नकली रिव्यू प्रोग्राम्स के माध्यम से लोगों को पहले छोटे-छोटे इनाम देकर भरोसा जीतते हैं तथा फिर धीरे-धीरे उन्हें भारी रकम निवेश करने पर मजबूर कर देते हैं। कम समय में अधिक लाभ के चक्कर में इन्वेस्ट ना करें व शक होने पर तत्काल निकटतम पुलिस स्टेशन या साइबर क्राईम पुलिस स्टेशन को सम्पर्क करें । वित्तीय साईबर अपराध घटित होने पर तुरन्त 1930 नम्बर या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें