रविवार को पाइप लाइन विछाने वाले श्रमिक अभिमन्यु को बाघिन ने बनाया था निवाला
रामनगर। रामनगर में पाइप लाइन बिछाने वाले श्रमिक अभिमन्यु को मारने वाली बाघिन को वन विभाग की टीम ने पकड़ लिया है। अपने स्वभाव के कारण युवक को मारने के कुछ घंटे बाद बाघिन दोबारा घटनास्थल पर पहुंची तो चक्रव्यूह में फंस गई।
गौरतलब है कि रविवार को रामनगर वन प्रभाग के कोटा रेंज में बाघ के हमले में एक श्रमिक की मौत हो गई है। मृतक की पहचान बिहार निवासी अभिमन्यु के रूप में की गयी जो यहां भलोन गांव में पाइपलाइन बिछाने के काम के लिए आया हुआ था।
घटना के बाद कार्बेट टाइगर रिजर्व के वरिष्ठ पशु चिकित्सक डॉ. दुष्यंत शर्मा और उनकी टीम शाम 7:30 बजे के आसपास हमलावर वन्यजीव को रेस्क्यू करने भालोन गांव पहुंची। टीम ने बाघिन के दोबारा आने का इंतजार किया। रात करीब 11:30 बजे जैसे ही बाघिन मौके पर दोबारा पहुंची तो टीम ने ट्रैक्यूलाइज गन से डॉट मारकर उसे बेहोश कर दिया। बाघिन अपने शिकार की गंध के पीछे-पीछे दोबारा मौके पर आती है। बाघिन की उम्र करीब ढाई साल है। बेहोश बाघिन को रेस्क्यू सेंटर ले जाया गया है। श्रमिक के शरीर पर मिले बाल और बाघिन के शरीर के बाल का डीएनए सैंपल लिया गया है। जांच के लिए सैंपल भेजे जाएंगे।
घटना के बाद लोगों ने आक्रोश जताया। प्रधान धर्मेंद्र कुमार ने बताया कि काफी समय से इलाके में बाघ की दस्तक है। इसकी सूचना वनकर्मियों को समय- समय पर दी गई थी। वन विभाग की ओर से कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई जिस कारण युवक को असमय अपनी जान गंवानी पड़ी है। बाघ की दस्तक से ग्रामीण दहशत में दिन में घरों में रहने के लिए मजबूर हैं। इसके बावजूद वन विभाग के अधिकारी लापरवाही बरत रहे हैं।