पौड़ी। प्रदेश के पर्वतीय क्षेत्रों मे बाघ और भालुओं के हमले रुकने का नाम नही ले रहे हैं। पौड़ी मे गुलदार ने एक व्यक्ति को उस समय हमला कर मौत के घाट उतार दिया जब वह मँदिर से पूजा अर्चना कर लौट रहा था। आक्रोशित ग्रामीणों ने वन विभाग और विधायक के खिलाफ नाराजगी जताई। ग्रामीणों की मांग थी कि लगातार हो रहे हमलों को देखते हुए तत्काल गुलदार को शूट करने की अनुमति दी जाए, ताकि लोगों की जान बच सके। क्षेत्र में लंबे समय से गुलदार की गतिविधियां बढ़ी हुई हैं और कई बार इसकी सूचना विभाग को दी जा चुकी है, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते कदम उठाए जाते तो आज यह दुखद घटना नहीं होती। लगातार बढ़ती घटनाओं से स्थानीय लोग दहशत में हैं और गांव में शाम ढलते ही लोगों का घरों से निकलना मुश्किल हो गया है।
मन्दिर से लौट रहे राजेंद्र को गुलदार ने बनाया निवाला
जानकारी के अनुसार गजल्ट गांव निवासी 45 साल के राजेंद्र नौटियाल रोजाना की तरह मंदिर में पूजा-अर्चना करने गए थे। वापसी मे लौटते समय जंगल के रास्ते पर घात लगाकर बैठे गुलदार ने उन पर अचानक हमला कर दिया। राजेंद्र ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। घटना के बाद गांव में चीख-पुकार मच गई. परिवार में कोहराम तथा गांव में मातम पसर गया। लोगों ने गांव में पहुंचे वन विभाग के कर्मचारियों को घेर लिया और ग्रामीण भवन के एक कमरे में बंद कर दिया। उन्होंने मौके पर डीएफओ तथा डीएम को बुलाने की मांग की। ग्रामीणों ने कहा कि क्षेत्रीय विधायक भी क्षेत्र से नदारद रहते हैं और उनकी कोई सुनवाई नही हो रही है।
ग्रामीणों की मांग है कि लगातार हो रहे हमलों को देखते हुए तत्काल गुलदार को शूट करने की अनुमति दी जाए, ताकि लोगों की जान बच सके। ग्रामीणों ने बताया कि क्षेत्र में लंबे समय से गुलदार की गतिविधियां बढ़ी हुई हैं और कई बार इसकी सूचना विभाग को दी जा चुकी है,लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।
ग्रामीणों ने बताया कि जिस रास्ते पर आज गुलदार ने हमला किया है, उसी रास्ते से रोजाना गांव के स्कूली बच्चे आवाजाही करते हैं। कॉलेज जाने वाले छात्र-छात्राएं भी इसी मार्ग से गुजरते हैं,उन्हें डर है कि गुलदार किसी और पर भी हमला कर सकता है। ग्रामीणों ने कहना है कि गुलदार के डर से महिलाएं और बच्चे घर से बाहर निकलने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं। रात तो दूर, दिन में भी सुनसान क्षेत्र में जाना जोखिम भरा हो गया है।
वन विभाग का कहना है कि घटना स्थल के आसपास पिंजरा लगाया जाएगा. स्थिति पर नजर रखने के लिए ट्रैप कैमरे लगाए जाएंगे।
लगातार बढ़ रहे गुलदार के हमले
पौड़ी मे गुलदारों के हमले लगातार बढ़ रहे हैं। 3 दिसंबर को कोट ब्लॉक में आंगनवाड़ी से लौट रहे 4 साल के बच्चे पर गुलदार ने झपट्टा मार दिया था जिससे बच्चा घायल हो गया था। इससे पहले भी 20 नवंबर को पौड़ी के निकट कोटी गांव में गुलदार ने एक महिला को निवाला बनाया था। एक दिन बाद ही ढांढरी गांव में भी बुजुर्ग महिला को गुलदार ने हमला करके बुरी तरह घायल कर दिया था। वहीं कई क्षेत्रों मे भालू भी सक्रिय हैं और कई लोगों को जानलेवा हमला कर चुके है।
